Wednesday, February 25, 2015

अटल मंथन
रेल बजट में किराया-भाड़ा,वृद्धि अवश्यम्भावी है
बिजली-पानी मुफ्त लुटाकर,'आप' केंद्र पर भारी है !
------------------------------------------------------------------------------------------
बिजली हाफ,पानी माफ़
दिल्ली में जमी,आपकी धाक !
किफायत से चलने में,भलाई है
मुकाबला कर सकेंगे,महंगाई से !
बिजली चोरों से,वसूलिये शुल्क
तो घटा सकेंगे,और भी मूल्य !
-----------------------------------------------------------------------------------------
डॉ श्याम अटल

No comments:

Post a Comment